व्यक्ति के जीवन में गुरुओं का महत्वपूर्ण योगदान, कलेक्टर श्री सिंह

जबलपुर,शिक्षक दिवस के अवसर पर कार्यालय जिला शिक्षा अधिकारी, जबलपुर द्वारा आज पंडित लज्जा शंकर झा शासकीय मॉडल हायर सेकेंडरी स्कूल में जिला स्तरीय ‘शिक्षक सम्मान समारोह-2026’ का आयोजन किया गया। समारोह के मुख्य अतिथि कलेक्टर श्री राघवेंद्र सिंह रहे। संयुक्त संचालक, लोक शिक्षण श्री घनश्याम सोनी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के पूजन, दीप प्रज्ज्वलन एवं भारत के पूर्व राष्ट्रपति एवं महान शिक्षाविद् डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के चित्र पर पुष्प अर्पित कर किया गया।कलेक्टर श्री सिंह ने शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षक दिवस हमारे जीवन में गुरुओं की भूमिका को स्मरण करने का अवसर प्रदान करता है। व्यक्ति जीवन में जिस स्तर और मुकाम पर पहुंचता है, उसमें उसके गुरुओं का महत्वपूर्ण योगदान होता है। यह अवसर हमें अपने जीवन में शिक्षकों द्वारा दिए गए मार्गदर्शन और संस्कारों को याद करने का भी अवसर देता है।
कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि समय के साथ शिक्षा व्यवस्था और समाज में अनेक बदलाव आए हैं। पहले की गुरुकुल परंपरा और शिक्षा व्यवस्था में अनुशासन तथा गुरु के प्रति सम्मान का विशेष महत्व था। उन्होंने अपने विद्यार्थी जीवन का उल्लेख करते हुए कहा कि उस समय विद्यालयों में प्रधानाध्यापक, प्राचार्य और शिक्षकों के प्रति विद्यार्थियों के मन में विशेष सम्मान और अनुशासन की भावना होती थी।
उन्होंने कहा कि पिता और गुरु दोनों ही व्यक्ति के जीवन में मूल्य और अनुशासन स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। जिस प्रकार परिवार में पिता बच्चों को अनुशासित करने और जीवन के लिए तैयार करने का कार्य करते हैं, उसी प्रकार विद्यालय में शिक्षक विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण और उन्हें सही दिशा देने का कार्य करते हैं।
कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि वर्तमान समय में शिक्षकों के सामने चुनौतियां भी बदल गई हैं। आज बच्चों को पढ़ाई के प्रति केंद्रित रखना, उनमें अनुशासन विकसित करना तथा जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण पैदा करना एक महत्वपूर्ण चुनौती है। आधुनिक तकनीक और मनोरंजन के अनेक साधनों के कारण बच्चों के सामने ध्यान भटकाने वाले विकल्प लगातार बढ़ रहे हैं।उन्होंने कहा कि आज मनोरंजन के साधन लोगों की पहुंच में हर समय उपलब्ध हैं। मोबाइल और अन्य आधुनिक माध्यमों के कारण बच्चे ही नहीं बल्कि सभी आयु वर्ग के लोग लगातार मनोरंजन और विभिन्न गतिविधियों में व्यस्त रहते हैं। ऐसे वातावरण में बच्चों को एकाग्रचित्त होकर पढ़ाई करने, अनुशासित रहने और जीवन के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करने के लिए प्रेरित करना शिक्षकों की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।विशिष्ट अतिथि संयुक्त संचालक, लोक शिक्षण जबलपुर संभाग श्री सोनी ने डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जीवन एवं शिक्षा के क्षेत्र में उनके योगदान पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि जीवन में शिक्षक का स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण होता है। शिक्षक विद्यार्थियों का चरित्र निर्माण कर उन्हें राष्ट्र निर्माण के लिए सुयोग्य नागरिक बनाने का कार्य करते हैं।समारोह के प्रारंभ में जिला शिक्षा अधिकारी श्री गौतम बर्वे ने बताया कि जिले के 14 सेवानिवृत्त प्राचार्य एवं शिक्षकों तथा वर्तमान में कार्यरत 90 प्राचार्यों एवं शिक्षकों सहित कुल 104 प्राचार्यों एवं शिक्षकों का उनके उत्कृष्ट कार्यों के आधार पर सम्मान के लिए चयन किया गया है। इनका चयन संकुल प्राचार्यों एवं विकासखंड शिक्षा अधिकारियों की अनुशंसा के आधार पर किया गया।
कार्यक्रम में अतिथियों द्वारा शासकीय विद्यालयों के चयनित सेवानिवृत्त एवं वर्तमान में कार्यरत प्राचार्यों और शिक्षकों को उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मानित किया गया।
समारोह में डीपीसी श्री योगेश शर्मा, सहायक संचालक श्रीमती सोनम कटारे, डीएसओ श्रीमती मधुमिता हाजरा, बीआरसी श्री अजय रजक सहित बड़ी संख्या में शिक्षक एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
इंडिया पोल खोल को आर्थिक सहायता
प्रदान करने हेतु इस QR कोड को किसी भी UPI ऐप्प से स्कैन करें। अथवा "Donate Now" पर टच/क्लिक करें।
Click Here >>
Donate Now
इंडिया पोल खोल के YouTube Channel को Subscribe करने के लिए इस YouTube आइकन पर टच/Click करें।
इंडिया पोल खोल के WhatsApp Channel को फॉलो करने के लिए इस WhatsApp आइकन पर टच/Click करें।














