जिले भर में हर्षोल्लास से मनाया गया स्वतंत्रता दिवस,मुख्य समारोह में लोक निर्माण मंत्री ने किया ध्वजारोहण


जबलपुर,देश की स्वतंत्रता की 79 वीं वर्षगांठ जिले भर में हर्षोल्लास और उत्साह से मनाई गई। स्वतंत्रता दिवस पर जिले का मुख्य समारोह जिला मुख्यालय स्थित पुलिस लाईन परेड ग्राउंड में आयोजित किया गया। इस भव्य एवं गरिमामय समारोह में मुख्य अतिथि प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह ने ध्वजारोहण किया और परेड की सलामी ली।
ध्वजारोहरण के बाद मुख्य अतिथि श्री सिंह ने खुली सफेद जिप्सी में कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह और पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय के साथ परेड का निरीक्षण किया। समारोह में सशस्त्र बलों द्वारा हर्ष फायर किये गये और पुलिस बैंड द्वारा राष्ट्रगान की धुन बजाई गई। इस अवसर पर तिरंगे के तीन रंगो के गुब्बारे भी मुक्ताकाश पर छोड़े गये।देश के 80 वें स्वतंत्रता दिवस समारोह में सुरक्षा बलों की टुकडि़यों ने छठवीं बटालियन के बैंड दल द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति गीतों की मधुर धुनों पर आकर्षक और शानदार मार्च पास्ट प्रस्तुत किया। परेड कमांडर रक्षित निरीक्षक जय प्रकाश आर्य एवं परेड उप कमांडर सूबेदार रूमा सिरसाम के नेतृत्व में प्रस्तुत इस मार्च पास्ट में विशेष सशस्त्र बल की छटवीं बटालियन, होमगार्ड, जिला पुलिस बल-पुरूष, जिला पुलिस बल-महिला, वन विभाग, एनसीसी नेवल, एनसीसी सीनियर डिवीजन-बॉयज, एनसीसी सीनियर विंग-गर्ल्स, एनसीसी जूनियर विंग-गर्ल्स, एनसीसी जूनियर डिवीजन-बॉयज, स्काउट, गाईड एवं शौर्य दल की प्लाटून शामिल थीं।

एसएएफ की छठवीं वाहिनी और नेवल एनसीसी को मिला प्रथम पुरस्कार
स्वतंत्रता दिवस समारोह में मार्च पास्ट की शानदार प्रस्तुति ने देशभक्ति और अनुशासन का उत्साह जगाया। मार्च पास्ट में सशस्त्र प्लाटून वर्ग में एसएएफ की छठवीं वाहिनी ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। सशस्त्र प्लाटून में जिला पुलिस बल पुरुष को द्वितीय तथा जिला पुलिस बल महिला तृतीय स्थान मिला।
इसी प्रकार बिना शस्त्र प्लाटून वर्ग में नेवल एनसीसी ने प्रथम स्थान हासिल किया। सीनियर डिविजन बॉयज ने द्वितीय और शौर्य दल ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। परेड के दौरान सभी प्लाटून ने कदम से कदम मिलाते हुए अनुशासन, जोश और देशभक्ति का प्रदर्शन किया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली प्लाटून के परेड कमांडरों को मुख्य समारोह के मंच पर आमंत्रित कर पुरस्कार एवं सम्मान प्रदान किया गया। शौर्य दल के प्रदर्शन ने विशेष रूप से महिला शक्ति और अनुशासन का संदेश दिया।

लोकतंत्र सेनानियों अंगदान और देहदान करने वाले नागरिकों के परिजनों का सम्मान
स्वतंत्रता दिवस के जिले के इस मुख्य समारोह में लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के परिजनों एवं लोकतंत्र सेनानियों का शाल-श्रीफल भेंटकर सम्मान किया। उन्होंने अंगदान और देहदान करने वाले व्यक्तियों के परिजनों से भी भेंट की और उनका भी शाल-श्रीफल भेंटकर सम्मान किया। इस अवसर पर लोक निर्माण मंत्री श्री सिंह ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के परिजनों एवं लोकतंत्र सेनानियों की कुशल क्षेम जानी।
उत्कृष्ट कार्य के लिये अधिकारी-कर्मचारी सम्मानित
स्वतंत्रता दिवस के मुख्य समारोह में लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने उत्कृष्ट कार्यों के लिए तथा शासकीय योजनाओं एवं कार्यक्रमों के क्रियान्वयन में उल्लेखनीय उपलब्ध अर्जित करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।
इनकी रही उपस्थिति
देश के 80 वें स्वतंत्रता दिवस पर आयोजित इस समारोह में महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू, सांसद आशीष दुबे, जेडीए अध्यक्ष संदीप जैन, नगर निगम अध्यक्ष रिकुंज विज, भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष अश्विनी परांजपे, भाजपा नगर अध्यक्ष रत्नेश सोनकर, महामंत्री पंकज दुबे, अभय सिंह ठाकुर, रंजीत पटेल, सोनू बचवानी, संभागायुक्त धनंजय सिंह, आईजी प्रमोद वर्मा, डीआईजी अतुल सिंह, कलेक्टर राघवेंद्र सिंह, एसपी संपत उपाध्याय, नगर निगम आयुक्त रामप्रकाश अहिरवार, जिला पंचायत सीईओ अभिषेक गहलोत तथा जिला पंचायत, पुलिस विभाग, नगर निगम के अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में स्कूल के छात्र- छात्राएं उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री के संदेश का सीधा प्रसारण
लोक निर्माण मंत्री ने दिया जिले के नागरिकों को बधाई संदेश
स्वतंत्रता दिवस पर जिले के मुख्य समारोह में मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के प्रदेश की जनता के नाम सन्देश का भोपाल में आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह से सीधा प्रसारण किया गया। इसके लिये समारोह स्थल पुलिस लाइन परेड ग्राउंड पर चार बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाई गई थी। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव का सन्देश के सीधे प्रसारण के बाद समारोह में लोक निर्माण मंत्री श्री सिंह ने भी अपने बधाई संदेश का वाचन किया। लोक निर्माण मंत्री ने अपने बधाई सन्देश में जबलपुर जिले में स्वास्थ्य, शिक्षा एवं महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में हुये कार्यों का उल्लेख किया। स्वतंत्रता दिवस के मुख्य समारोह में बदलते दौर का मध्यप्रदेश में जबलपुर जिले की विकास गाथा की पुस्तिका का वितरण भी किया गया।
समारोह के शुभारंभ और समापन पर हुआ राष्ट्रगीत “वंदे मातरम” का गायन
स्वतंत्रता दिवस पर इस बार जिला मुख्यालय में आयोजित जिले के मुख्य समारोह के शुभारंभ और समापन पर राष्ट्रगीत “वंदे मातरम” का गायन हुआ। राज्य शासन के सामान्य प्रशासन विभाग ने जिला, विकासखंड एवं नगरीय निकाय एवं पंचायत स्तर पर आयोजित स्वतन्त्रता दिवस समारोह के प्रारंभ में राष्ट्रगीत के गायन के निर्देश दिये थे।भारत सरकार के गृह मंत्रालय के निर्देश के अनुक्रम में जारी इन निर्देशों में कहा गया था कि स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रगीत के गायन से किया जाये और मुख्य अतिथि द्वारा धवजारोहण के बाद राष्ट्रगान हो। इसी प्रकार स्वतंत्रता दिवस पर आयोजित कार्यक्रम का राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान के गायन साथ समापन करने के निर्देश दिये थे।
तेज बारिश के कारण नहीं हो सके सांस्कृतिक कार्यक्रम
जिला मुख्यालय पर आयोजित मुख्य समारोह के दौरान हुई तेज बारिश के कारण सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं प्रस्तुत किये जा सके। समारोह में सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करने वाले स्कूली बच्चों के स्वास्थ्य की सुरक्षा को देखते हुए लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह के आग्रह पर प्रशासन द्वारा यह निर्णय लिया गया। हालांकि, सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति देने वाले स्कूली छात्र-छात्राओं के समूह के साथ लोक निर्माण मंत्री सिंह ने फोटो खींचवाये और उनका उत्साह वर्धन किया।
जिले की विकास गाथा की पुस्तिका का किया गया वितरण
स्वतंत्रता दिवस समारोह में वितरित की गई विकास गाथा की पुस्तिका में बीते ढाई वर्ष (दिसंबर 2023 से जुलाई 2026) के दौरान मध्य प्रदेश के महाकौशल अंचल के प्रमुख प्रशासनिक, सांस्कृतिक और न्यायिक केंद्र जबलपुर जिले ने अभूतपूर्व प्रगति का उल्लेख किया गया है। लगभग 5,211 वर्ग किलोमीटर में फैले और 24.63 लाख से अधिक जनसंख्या वाले इस जिले में सर्वांगीण विकास पर 6,162.78 करोड़ रुपये से अधिक की राशि व्यय की गई है। महर्षि जाबालि की तपोभूमि और रानी दुर्गावती के बलिदान की प्रतीक यह ‘संस्कारधानी’ अब आधुनिक अवसंरचना, औद्योगिक निवेश, सामाजिक सुरक्षा और डिजिटल गवर्नेंस के एक नए युग में प्रवेश कर चुकी है।शहर के यातायात को गति देने के लिए 1,232 करोड़ रुपये की लागत से 6.855 किलोमीटर लंबा दमोह नाका-रानीताल-मदन महल-मेडिकल रोड एलिवेटेड कॉरिडोर तैयार किया गया है। इसके साथ ही 3,540 करोड़ रुपये की लागत से 114 किलोमीटर लंबी 4-लेन आउटर रिंग रोड परियोजना पर कार्य जारी है, जिसके निर्माण में 40 लाख मीट्रिक टन फ्लाई एैश का उपयोग कर एक पर्यावरण-अनुकूल मॉडल पेश किया गया है। यह आउटर रिंग रोड एनएच-45, एनएच-34, एनएच-30 और एसएच-37ए को जोड़ते हुए शहर को ट्रैफिक जाम से मुक्ति दिलाएगी तथा पाटन, सिहोरा, शाहपुरा और बरेला के किसानों को सीधे मंडियों तक पहुंच प्रदान करेगी।औद्योगिक क्रांति और रोजगार के क्षेत्र में रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव के माध्यम से जिले को 22,000 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनसे 29 नई इकाइयों का भूमिपूजन संपन्न हुआ है। रक्षा निर्माण, एग्रो-प्रोसेसिंग और रेडीमेड गारमेंट क्लस्टर को राष्ट्रीय पहचान मिली है। युवाओं के कौशल विकास के लिए ‘मुख्यमंत्री सीखो-कमाओ योजना’ के तहत 1,836 से अधिक युवाओं को अप्रेंटिसशिप से जोड़कर 16.23 करोड़ रुपये का स्टाइपेंड दिया गया है। साथ ही ‘मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना’ से 3,400 से अधिक युवा उद्यमियों को 120 करोड़ रुपये से अधिक का बिना बैंक गारंटी वाला ऋण उपलब्ध कराया गया है।महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में ‘मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना’ के तहत 3.76 लाख से अधिक पात्र बहनों के खातों में 1,100 करोड़ रुपये से अधिक की राशि ट्रांसफर की जा चुकी है। कृषि अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करते हुए 1.55 लाख से अधिक किसानों को पीएम और सीएम-किसान कल्याण योजना के तहत 200 करोड़ रुपये से अधिक की डीबीटी सहायता दी गई है। विशेष रूप से, ‘जबलपुरी मटर’ और ‘जबलपुर सिंघाड़ा’ को भारत सरकार से जीआई टैग (GI Tag) हासिल होना जिले के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि है।स्वास्थ्य और शिक्षा में सुधार के लिए नेताजी सुभाष चंद्र बोस मेडिकल कॉलेज में 150 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाएं संचालित हैं, जबकि रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय को पीएम उषा परियोजना के तहत 20 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली है। शहरी और ग्रामीण विकास के तहत जल जीवन मिशन से 562 गांवों के 1.40 लाख परिवारों को नल से जल पहुंचाया जा रहा है और प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में हजारों परिवारों को पक्के मकान दिए गए हैं। सुशासन के मामले में सीएम हेल्पलाइन 181 पर दर्ज 4.81 लाख से अधिक शिकायतों में से 77.6 प्रतिशत का गुणवत्तापूर्ण समाधान कर जबलपुर पूरे मध्य प्रदेश में शीर्ष पर रहा है। इसके अलावा, भेड़ाघाट और लम्हेटाघाट की प्राकृतिक व भू-वैज्ञानिक धरोहर को यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची में शामिल कराने के प्रयास जारी हैं।
इंडिया पोल खोल को आर्थिक सहायता
प्रदान करने हेतु इस QR कोड को किसी भी UPI ऐप्प से स्कैन करें। अथवा "Donate Now" पर टच/क्लिक करें।
Click Here >>
Donate Now
इंडिया पोल खोल के YouTube Channel को Subscribe करने के लिए इस YouTube आइकन पर टच/Click करें।
इंडिया पोल खोल के WhatsApp Channel को फॉलो करने के लिए इस WhatsApp आइकन पर टच/Click करें।






































































