जबलपुर में नवीनीकृत राजस्व रिकार्ड रूम का मुख्यमंत्री ने फीता काटकर किया लोकार्पण




जबलपुर, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भू-अभिलेख के व्यवस्थित रखरखाव के लिए जबलपुर में की गई पहल सराहनीय है। राज्य सरकार ने राजस्व प्रशासन सहित अनेक क्षेत्रों में कई नवाचार किए हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में मध्यप्रदेश में साइबर तहसील, सम्पदा -1 और सम्पदा 2 के माध्यम से नागरिकों को सेवाएं प्राप्त हो रही हैं। अब अंग्रेजों के जमाने से चले आ रहे लाल बस्ते का चलन खत्म हो रहा है। राजस्व रिकार्ड की नकल निकलवाने के लिए कार्यालयों के चक्कर लगाने की अब आवश्यकता नहीं है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुरूवार को कलेक्टर कार्यालय, जबलपुर में नवीनीकृत राजस्व अभिलेखागार के लोकार्पण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि राजस्व के क्षेत्र में यह एक नूतन व्यवस्था है जो सुशासन के लिए प्रेरित करती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज नागरिकों को दस्तावेजों की हार्ड कापी और साफ्ट कापी दोनों ही उपलब्ध करवाने की व्यवस्था है। जबलपुर जिला प्रशासन इस पहल के लिए बधाई का पात्र है।लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने कहा कि जबलपुर में राजस्व रिकार्ड के नवीनीकरण के नवाचार की शुरूआत हुई है, यह खुशी की बात है और उन्होंने आशा व्यक्त की कि यह पूरे प्रदेश में होगी। इस उपलब्धि पर उन्होंने कलेक्टर श्री दीपक सक्सेना सहित जिले की टीम को बधाई दी और कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तथा मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में जो नवाचार शुरू हुआ है वह निश्चित ही एक मॉडल बनेगा।खजुराहो सांसद बीडी शर्मा ने जबलपुर के अपडेटेड राजस्व रिकार्ड रूम का बेहतर कार्य हुआ है और इस नई तकनीकी की शुरूआत होने पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि अब कोई भी व्यक्ति जबलपुर जिले में अपने अभिलेखों की स्थिति के संबंध में ऑनलाईन देख सकता है।
प्रदेश में बनेंगी जिला स्तरीय विकास समितियां मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में जिला स्तर पर विभिन्न समितियां बनेंगी जिसमें निवार्चित जनप्रतिनिधियों के साथ ही डॉक्टर, वकील और इंजीनियर आदि भी शामिल होंगे। यह एक ऐसा मॉडल होगा,जिसमें विकास का दायरा काफी विस्तृत होगा। मुख्यमंत्री जिला स्तरीय समितियों के अध्यक्ष और जिला प्रभारी मंत्री उपाध्यक्ष होंगे। यह मॉडल सम्पूर्ण प्रदेश में लागू होगा और विकास के नए प्रतिमान स्थापित किए जाएंगे।
विश्वविद्यालयों में नए पाठ्यक्रमों की शुरूआत मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि विश्वविद्यालयों में नए-नए उपयोगी पाठ्यक्रम प्रारंभ होने चाहिए। मेडिकल यूनिवर्सिटी भी बहुआयामी पाठ्यक्रमों का संचालन कर सकती है। जिस तरह बी.एसी. एग्रीक्लचर के प्रति युवा आकर्षित हो रहे हैं, वैसे ही अन्य रोजगारपरक पाठ्यक्रम लागू कर विद्यार्थियों का दिल जीतने का कार्य किया जाए।
मंदसौर में कृषि उद्योग समागम 3 मई को
मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि मालवा सहित प्रदेश के सभी अंचलों में सेक्टरवाइज आयोजन होंगे। प्रत्येक संभाग में इंडस्ट्री कॉन्क्लेव के बाद अब सेक्टरवाइज और विषयवार यह कार्यक्रम होंगे। मंदसौर में 3 मई में कृषि उद्योग समागम हो रहा है। अगला आयोजन महाकौशल अंचल में होगा। प्रदेश भर में प्रसंस्करण इकाईयों की स्थापना का कार्य तेजी से होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश के विकास में जबलपुर व महाकौशल कदम से कदम मिलाकर चल रहे हैं। उन्होंने जबलपुर के विकास संबंधी नवाचारों की सराहना की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ यादव ने अंतर्राष्ट्रीय स्तर के पर्वातारोही जबलपुर के श्री अंकित सेन को पांच लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की।कार्यक्रम में सांसद आशीष दुबे, विधायक अजय विश्नोई, अशोक रोहाणी, सुशील तिवारी इंदु, संतोष बरकड़े, लघन घंघोरिया सहित श्री रत्नेश सोनकर, राजकुमार पटेल, विनोद गोंटिया, जिला पंचायत अध्यक्ष आशा मुकेश गोटिया, नगर निगम अध्यक्ष रिकुंज विज तथा अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।















































