फेसबुकिया प्रेमी और भाई के साथ मिलकर पत्नी ने करवा दी थी पति की हत्या,ऐसे हुआ अंधी हत्या का खुलासा 

 

जबलपुर:फेसबुक की दोस्ती प्यार में बदली और जब प्यार परवान चढ़ा तो लोकलाज तो दूर हो ही गई महिला ने अपने पति को दुनिया से उठवाने का प्रेमी व मुँहबोले भाई के साथ मिलकर मास्टर प्लान बनाया और प्लान को अंजाम देने प्रेमी और भाई के साथ मिलकर पत्नी ने अपने सात बचनों को भूलकर पति की हत्या करवा दी,पुलिस इस अंधी हत्या का खुलासा करते हुए आरोपी पत्नी व मुँहबोले भाई को गिरफ्तार कर लिया है लेकिन कातिल प्रेमी अभी भी फरार है,

 

ये है पूरा मामला,

 

थाना कैण्ट मंे दिनांक 22-1-21 की सुवह मुर्गी मैदान पर एक व्यक्ति के शव पड़े होने की सूचना पर पहंुची पुलिस केा एक अज्ञात व्यक्ति पट हालत में मेन रोड से लगभग 100 मीटर दूर एक पथरीली जगह पर मृत अवस्था मंे पड़ा मिला था, प्रथम दृष्टया सिर पर पत्थर पटककर हत्या करना प्रतीत हुआ। मृतक की शिनाखतगी के प्रयास किये गये जिस पर मृतक की शिनाख्त अरविन्द उर्फ मंकी राजपूत उम्र 49 वर्ष निवासी घमापुर के रूप में हुयी जो कि नगर निगम में डाक रनर (चपरासी ) के पद पर कार्यरत था। मौके पर उपस्थित मलखान सिंह उम्र 31 वर्ष निवासी व्हीएफजे इंद्रा नगर रांझी ने बताया कि सुबह बहन बबली ने फोन कर जीजा अरविंद राजपूत के मुर्गी ग्राउंड में पडे होने की जानकारी दी, सूचना पर वह सदर मुर्गी ग्रांउड पहुंचा जहाॅ उसके जीजा अरविंद सिंह राजपूत मृत अवस्था में पडे मिले, उसके जीजा अरविंद ंिसह दिनाॅक 21-1-21 को काम के बाद अपने दोस्तों के साथ निकले थे। किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसके जीजा अरविंद सिंह के सिर पर पत्थर पटक कर हत्या कर दी है।
घटना से वरिष्ठ अधिकारियोें को अवगत कराया गया। सूचना पाकर पुलिस अधीक्षक जबलपुर श्री सिद्धार्थ बहुगुणा (भा.पु.से.) एंव अति0 पुलिस अधीक्षक शहर दक्षिण/अपराध श्री गोपाल खाण्डेल एंव नगर पुलिस अधीक्षक कैेन्ट श्रीमति भावना मरावी तत्काल घटना स्थल पर पहुंचे, वरिष्ठ अधिकारियों एवं एफ.एस.एल. टीम की उपस्थिति में घटना स्थल का बरीकी से निरीक्षण करते हुये पंचनामा कार्यवाही कर शव केा पीएम हेतु भिजवाते हुये अज्ञात आरोपी के विरूद्ध अपराध क्रमंाक 28/21 धारा 302 भादवि का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।पुलिस अधीक्षक जबलपुर  सिद्धार्थ बहुगुणा (भा.पु.से.) द्वारा अज्ञात आरोपी की पतासाजी के सम्बंध में आवश्यक दिशा निर्देश देते हुये शीघ्र गिरफ्तारी हेतु आदेशित किये जाने पर अति. पुलिस अधीक्षक शहर दक्षिण/अपराध  गोपाल खाण्डेल एवं नगर पुलिस अधीक्षक कैंट  भावना मरावी के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी कैंट  विजय तिवारी के नेतृत्व में टीम गठित कर लगायी गयी।गठित टीम के द्वारा दौरान विवेचना पर मृतक की पत्नी मनीषा उर्फ बबली का अपने रिश्तेदार भाई प्रदीप उर्फ विक्की पण्डा पिता स्वं0 लखन सिंह ठाकुर निवासी -उपहार अपार्टमेन्ट सिविल लाईन तथा खेमचन्द उर्फ टिंकु उर्फ राज पिता देवी चरण यादव निवासी ग्राम बेनीपुर थाना गौरिहार जिला छतरपुर से लगातार सम्पर्क होना पाया गया।

पति की नोकरी और फेसबूकिया यार को पाने करवा दी थी हत्या 

वहीँ पुलिस ने जब सन्देही मृतक की पत्नी मनीषा उर्फ बबली एवं प्रदीप उर्फ विक्की पण्डा को अभिरक्षा में लेकर सघन पूछताछ की गई तो पाया गया कि मृतक की पत्नि मनीषा के खेमचंद के साथ प्रेम सम्बंध थे, खेमचंद बेरोजगार है, मनीषा राजपूत का सोचना था कि पति अरविंद को यदि रास्ते से हटा दिया जाये तो पति अरविंद के मरने के बाद उसे अनुकंपा नियुक्ति मिल जायेगी, और वह अपने प्रेमी खेमचंद के साथ रहने लगेगी।
मनीषा राजपूत ने अपने रिश्ते के भाई प्रदीप पण्डा एवं अपने प्रेमी खेमचंद से बात करते हुये खेमचंद को जबलपुर बुलवाया, चर्चा के अनुसार खेमचंद दिनाॅक 21-1-21 को सुबह 8 बजे ट्रेन से मुख्य स्टेशन पहुंचा एवं दोपहर में मनीषा राजपूत, खेमचंद एवं प्रदीप पण्डा टेगौर गार्डन मंे मिले, चर्चा के दौरान प्रसाद में जहर देकर अरविंद को मारने की बात की तो पण्डा ने एतराज किया कि प्रसाद और भी लोग मांगने लगते हैं, तो शराब पिलाकर मारने की योजना बनाई, तभी प्रदीप के मोबाईल पर फोन आया तो प्रदीप पण्डा मांग कर लाया हुआ मोबाईल वापस करने चला गया, गार्डन से मनीषा राजपूत एवं खेमचंद रिक्शे मे बैठकर रेल्वे स्टेशन पहुंचे, रेल्वे स्टेशन से मनीषा ने अपने पति अरविंद को फोन लगाकर कहा कि खेमचंद आया हुआ है, स्टेशन पर है, जाकर मिल लो, रात की ट्रेन से वापस चला जायेगा तो अरविंद राजपूत नगर निगम का काम निपटाने के बाद शाम लगभग 5 बजे स्टेशन जा कर खेमचंद से मिला, बातचीत के दौरान खेमचंद ने योजना के अनुसार शराब पीने की बात की तो अरविंद आटो मे बैठकर सदर ले गया तथा सदर मे पैदल घूमते हुये दोनों ने खाने-पीने का सामान एवं शराब खरीदी तथा शाम लगभग 6-30 बजे मुर्गी ग्राउंड पहुंचे जहाॅ दोनों ने बैठकर शराब पी, अरविंद नशे में हो गया तो, शाम लगभग 7-30 बजे खेमचंद ने पत्थर पटक कर अरविंद की हत्या कर दी और फोन कर अपनी प्रेमिका मनीषा को बताया कि मैने अरविंद को मार दिया है, बताने के बाद खेमचंद सीधे स्टेशन पहुंचा तथा रात लगभग 8-45 बजे चित्रकूट एक्सप्रेस में बैठकर भाग गया।उल्लेखनीय है कि मनीषा राजपूत की खेमचंद से फेसबुक पर दोस्ती हुई थी, दोनो की मोबाईल पर बातचीत होने लगी और दोनो एक दूसरे से मिलने लगे, मनीषा ने अपने पति अरविंद को खेमचंद के सम्बंध में बताया कि खेमचंद उर्फ राज रिश्ते मे उसका दूर का जीजा लगता है, जिस कारण खेमचंद का अरविंद के घर पर आना जाना होने लगा था। मृतक की पत्नि मनीषा राजपूत एवं रिश्ते के भाई प्रदीप उर्फ पंण्डा ठाकुर से 2 मोबाईल फोन जप्त कर दोनों को प्रकरण मे विधिवत गिरफ्तार कर मान्नीय न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है। फरार खेमचंद की तलाश जारी है।

*उल्लेखनीय भूमिकाः* – अंधी हत्या का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार करने में थाना प्रभारी केन्ट  विजय तिवारी , उप निरीक्षक कन्हैया चतुर्वेदी, जया तिवारी, आरक्षक खेमचन्द प्रजापति अजीत सिह,साईबर सेल नवनीत चक्रवती ,महिला प्रधान आरक्षक विघा ठाकुर, महिला आरक्षक प्रीति मिश्रा, कमला पटेल, प्रतिमा शर्मा की सराहनीय भूमिका रही।

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