रामलीला:रघुनंदन ने तोड़ा शिव धनुष,जनकसुता ने पहनाई जयमाला

कटनी/स्लीमनाबाद(सुग्रीव यादव): शारदेय नवरात्र का पर्व चल रहा है।नवरात्र पर्व को उत्साह व उमंग के साथ मनाने स्लीमनाबाद तहसील क्षेत्र मे कही रामलीला तो कही रासलीला का मंचन जारी है। तहसील की ग्राम पंचायत खिरहनी मैं स्थानीय रामलीला समिति के द्वारा रामलीला का मंचन किया जा रहा है।सोमवार की रात धनुषयज्ञ की लीला का मंचन हुआ।जिसमे राजा जनक के द्वारा सीता विवाह के लिए स्वयंभर रचाया गया।जिसमें देश देशांतर के राजा आये,अपनी शक्ति का प्रदर्शन किया।लेकिन भगवान शिव की धनुष को नही तोड़ पाए।
अंत मे भगवान श्रीराम ने शिव धनुष का भंजन कर जनकजी का संताप हरा। फलस्वरूप माता सीता ने प्रभु श्रीराम के गले में जयमाला पहनाई।

परशुराम-लक्ष्मण का हुआ संवाद-
भगवान शिव की धनुष का खंडन सुन परशुराम जनकपुरी पहुँचे।परशुराम को देख देश देशांतर से आये राजा गड़बड़ा गए।
इस बीच विश्वामित्र भगवान श्रीराम-लक्ष्मण के साथ परशुराम जी को प्रणाम किया।
परशुराम का क्रोध व बातों को सुन लक्ष्मण जी आगबबूला हो गए।परशुराम व लक्ष्मण संवाद देख दर्शकों का मन मुग्ध हो गया।
अंत मे परशुराम ने भगवान श्रीराम को पहचाना व प्रणाम कर चले।
अंत मे अवधपुरी निमंत्रण भिजवाया गया।
अवधपुरी से बारात आई।जिसकी अगवानी भव्य तरीक़े से हुई।जनकपुरी की नारियों के द्वारा मंगलमय विवाह गीत गाये गए।

तेवरी हुआ रामवनवास-
तहसील क्षेत्र की ग्राम पंचायत तेवरी मैं श्रीकृष्ण रामलीला समिति के द्वारा स्थित रामलीला का मंचन किया जा रहा है।
सोमवार की रात राम वनवास का मंचन किया।जिसमें कैकई-मंथरा संवाद का प्रस्तुतिकरण किया गया।

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