जानिए तुलसी के पौधे से कैसे होता है समस्याओं का अंत



 

तुलसी भगवान विष्णु को बहुत प्रिय है। यही वजह है कि तुलसी को हरिप्रिया या फिर विष्णुप्रिया भी कहा जाता है। भगवान विष्णु को यदि तुलसी अर्पित किया जाये तो वे बेहद प्रसन्न होते हैं। तुलसी न सिर्फ धार्मिक नजरिए से काफी महत्वपूर्ण है बल्कि आयुर्वेद में भी तुलसी को इसके औषधीय गुणों की वजह से खास दर्जा प्राप्त है। लेकिन क्या आपको पता है कि आप तुलसी से जुड़े कुछ उपाय कर के अपने जीवन की समस्या भी दूर कर सकते हैं?

अगर नहीं तो आज आप बिल्कुल सही जगह आए हैं क्योंकि आज के लेख में हम आपको तुलसी से जुड़े कुछ बेहद आसान उपाय बताने वाले हैं जिसे अपनाकर आप अपने जीवन की कई समस्याओं का अंत कर सकते हैं।

यदि विवाह में हो बाधा
यदि किसी लड़की का काफी कोशिशों के बावजूद भी रिश्ता नहीं हो पा रहा है या फिर रिश्ता हो रहा है लेकिन शादी की तिथि नजदीक आते ही किसी न किसी विघ्न की वजह से मांगलिक कार्य में विलंब हो जा रहा है या फिर विवाह से जुड़ी कोई अन्य समस्या हो तो उसे तुलसी से जुड़ा यह उपाय जरूर करना चाहिए। ऐसी कन्या को नित्य सुबह उठकर स्नान-ध्यान कर के तुलसी को जल अर्पित करना चाहिए। इसके साथ ही हाथ जोड़ कर तुलसी देवी से जल्द से जल्द समस्या दूर करने का आग्रह करना चाहिए।

यदि घर में हो वास्तु दोष
यदि किसी जातक के घर में वास्तु दोष की समस्या हो तो उसे घर के अग्नि कोण में तुलसी का पौधा लगाना चाहिए। घर में अग्नि कोण दक्षिण पूर्व दिशा को कहा जाता है। इस दिशा में तुलसी का पौधा लगाने के बाद नियमित रूप से इसे जल अर्पित करें और इसके सामने शुद्ध गाय के घी का दीपक प्रज्वलित करें। इससे घर से वास्तु दोष की समस्या खत्म होगी।

मनोकामना पूर्ति के लिए
यदि कोई जातक अपनी मनचाही इच्छा पूरी करना चाहता है तो उसे तुलसी से जुड़ा ये आसान उपाय करना चाहिए। ऐसे जातक एक पीतल के कलश में जल भरकर उसमें तीन से चार तुलसी के पत्ते डाल दे और इस कलश को किसी सुरक्षित स्थान पर 24 घंटे के लिए रख दें। 24 घंटे के बाद इस जल को सबसे पहले घर के मुख्य दरवाजे पर छिड़क दें। इसके बाद पूरे घर में इस जल को छिड़क दें। आपकी सारी मनोकामना पूरी होगी। हालांकि इस बात का ध्यान रहे कि ऐसा करते हुए आपको कोई भी देखे न, अन्यथा इसका प्रभाव कम हो जाता है।

यदि व्यापार में घाटा हो
यदि किसी जातक को व्यापार में घाटा हो रहा हो तो उसे अपने घर में तुलसी का पौधा जरूर लगाना चाहिए। शुक्रवार के दिन स्नान करने के बाद साफ वस्त्र धारण कर तुलसी के पौधे में कच्चा दूध अर्पित करें। इसके बाद तुलसी माता को मिठाई का भोग लगाएं। बाद में तुलसी माता को लगाया हुआ यह भोग किसी सुहागन महिला को दान कर दें। आपकी समस्या खत्म हो जाएगी।

निधिवन ज्योतिष एवं वास्तु केन्द्र
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(कालचक्र खगोलीय ग्रह गणना चक्रम् ). सृष्टि का एक नियम हैं, जो बाटोगे बेहिसाब मिलेगा , फिर वह चाहे धन हो , अन्न हो , सम्मान हो , अपमान हो , नफरत हो या प्रेम । मनुष्य का पूर्वाद्ध हो या पुण्य का संचय या असंचय हो यह सब ग्रह निर्धारित करते है सुख एवं दुख का भी निर्धारण ग्रह करते है । मनुष्य कालचक्र से बधा हुआ है इन ग्रहो का निदान शास्त्रों मे मिलता है ।यदि आप कष्ट मे है या दुखी हैं तो आप हमसे सम्पर्क कर सकते है। ज्योतिष विद् निधिराज त्रिपाठी सम्पर्क सूत्र– 9302409892 —————————————-

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