कोरोना प्रोटोकॉल का उल्लंघन करने वालों को जुर्माने के साथ भेजें अस्थाई जेल,वर्चुअल मीटिंग में कलेक्टर ने दिए निर्देश 

 

जबलपुर, कलेक्टर  कर्मवीर शर्मा ने कोरोना के संक्रमण की रोकथाम को प्राथमिकता बताते हुये मास्क नहीं लगाने तथा फिजिकल डिस्टेंसिंग जैसे नियमों का उल्लंघन करने वालों पर और ज्यादा सख्ती बरतने के निर्देश दिये हैं। श्री शर्मा ने ये निर्देश आज वर्चुअल नोटिस के माध्यम से सभी एसडीएम, तहसीलदार, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों तथा जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को दिये है। वर्चुअल मीटिंग से नगर निगम कमिश्नर संदीप जीआर, अपर कलेक्टर हर्ष दीक्षित, स्मार्ट सिटी की सीईओ निधि सिंह राजपूत तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. रत्नेश कुररिया भी जुड़े थे।
कलेक्टर ने वर्चुअल मीटिंग में ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना संक्रमण न फैले इस पर ज्यादा ध्यान देने और सभी जरूरी एहतियात बरतने के निर्देश दिये है। उन्होंने कोरोना पाँजिटिव पाये गये व्यक्तियों के घरो की विजिट करने, उनके घरों को सेनिटाइज करने तथा होम आइसोलेशन का सख्ती से पालन कराने की हिदायत अधिकारियों को दी है। कलेक्टर ने होम आइसोलेशन के नियमों का उल्लंघन करने वालों पर एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश भी दिये। उन्होंने होम आइसोलेशन में रह रहे कोरोना मरीजों की कोराना कण्ट्रोल रूप से नियमित रूप से मॉनीटरिंग करने तथा टेलीमेडिसिन सेंटर के माध्यम से उनके स्वास्थ्य की निगरानी रखने की बात भी कही।
श्री शर्मा ने बैठक में शहरी, अर्द्धशहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में लगने वाले हाट बाजारों में भी सतर्कता बरतने और भीड़ न लगने देने के निर्देश एसडीएम को दिये। उन्होंने कहा कि संबंधित एसडीएम और जनपद पंचायतों के सीईओ अथवा नगरीय निकायों के अधिकारी इन हाट बाजारों में दुकानों को पास-पास न लगने दें तथा फिजिकल डिस्टेंसिंग भी सुनिश्चित करें। श्री शर्मा ने कहा कि हाट बाजारों में लोगों को अनिवार्य रूप से मास्क लगाने को कहें तथा महिला स्व-सहायता समूह के मास्क के स्टॉल भी लगायें। कलेक्टर ने कोरोना गाइड लाइन का उल्लंघन करने वालों पर जुर्माने के साथ-साथ अस्थाई जेल भेजने कार्यवाही करने की हिदायत भी अधिकारियों को दी है। उन्होंने कहा कि कोरोना के संक्रमण पर नियंत्रण के लिये रोकथाम एवं बचाव के उपायों के प्रति जन-जागरूकता पैदा करने के साथ-साथ कोरोना के बेसिक नियमों का सख्ती से पालन कराया जाना भी जरूरी है। श्री शर्मा ने शहरी क्षेत्र में जिम और स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स खुले रहने की मिल रही शिकायतों पर छापामार कार्यवाही करने के निर्देश एसडीएम और तहसीलदारों को दिये है। उन्होंने कहा प्रतिबंध के वाबजूद यदि जिम, स्वीमिंग पूल और स्पोर्ट्स काम्प्लेक्स खुले मिलते है तो जुर्माने के साथ उन पर वैधानिक कार्यवाही भी की जाये। कलेक्टर ने रेस्टारेंट और खान-पान की दुकानों का भी आकस्मिक निरीक्षण करने और प्रतिबंधों एवं नियमों का उल्लंघन पाये जाने पर उनके विरूद्ध कार्यवाही करने की हिदायत दी है।
श्री शर्मा ने वर्चुअल मीटिंग में सभी एसडीएम एवं तहसीलदारों को रोको-टोको अभियान के तहत मास्क न लगाने वालों और उल्लंघन करने वालों से वसूल की गई जुर्माने की राशि जिला रेडक्रॉस सोसायटी के खाते में जमा करने के निर्देश दिये है। उन्होंने कहा कि एसडीएम और तहसीलदार रेडक्रॉस सोसायटी की रसीद बुक ले लें और जुर्माने की राशि की रसीद काटकर उल्लंघन करने वालों को दें। कलेक्टर ने मास्क न लगाने वालों और फिजिकल डिस्टेंसिंग का उल्लंघन करने वालों को अस्थाई जेल भेजने के भी निर्देश दिये है। उन्होंने बताया कि जबलपुर शहर में छह स्थानों को अस्थाई जेल घोषित किया गया है।
कलेक्टर ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में बाहर से आने वाले लोगों को चिन्हित किया जाये, उनकी सूची तैयार की जाये तो उन्हे कम से कम एक सप्ताह होम क्वारंटीन भी किया जाये। कलेक्टर ने रेल्वे स्टेशन पर बाहर से आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की थर्मल स्क्रीनिंग अनिवार्य रूप से करने कहा।
कलेक्टर ने वर्चुअल मीटिंग में कोरोना गाइड लाइन के प्रचार-प्रसार के साथ-साथ शासकीय कार्यालयों में मास्क नहीं तो बात नहीं तथा दुकानों एवं व्यवासायिक प्रतिष्ठानों पर मास्क नहीं तो सामान नहीं के सिंद्धात को अपनाने के लिये भी अभियान चलाने पर जोर दिया। उन्होंने कोरोना गाइड लाइन का पालन करने लोगों को प्रेरित करने के अभियान में एन.एस.एस. के छात्रों तथा एन.सी.सी. केडेट्स का सहयोग लेने की बात भी कही।
कोराना की वेक्सीन लगाने लोगों को करें प्रेरित :
वर्चुअल मीटिंग में कलेक्टर ने कोरोना वेक्सीनेशन के कार्य से हुई प्रगति की समीक्षा भी की। उन्होंने ज्यादा से ज्यादा लोगों को कोरोना के टीके लगाये जाने के निर्देश देते हुये कहा कि इसके लिये शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक प्रचार-प्रसार के जरिये जनजागरूकता पैदा की जाये। श्री शर्मा ने इस कार्य में धर्म गुरूओं, समाज के प्रमुखों तथा सामाजिक संगठनों का सहयोग लेने की बात कही। उन्होंने वेक्सीन की उपलब्धता की जानकारी भी वर्चुअल मीटिंग में ली तथा हर दो घंटे में वेक्सीनेशन की अपडेट उन्हें देने के निर्देश बैठक में दिये।

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