अंधी हत्या का खुलासा:बच्चा न होने के कारण घर में होता था बबाल,पति ने सिलबट्टे से कर दी पत्नी की हत्या 

जबलपुर:कुंडम के बघराजी चौकी अंतर्गत हुई महिला की अंधी हत्या का खुलासा करते हुए आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, बताया जा रहा है की पति की मौत के बाद मृतिका ने देवर को पति बना लिया था लेकिन दोनों की शादी के बाद कोई बच्चा नहीँ होने के कारण आयेदिन बबाल खड़ा होता था,रोज रोज के झगड़े से तंग आकर पति ने पत्नी की सिलबट्टा से हत्या कर दी थी,

ये है मामला,

मामला कुंडम थाना अंतर्गत बघराजी चौकी का है पुलिस के अनुसार थाना कुण्डम अंतर्गत चौकी बघेराजी में दिनांक 25-4-22 की रात लगभग 11 बजे ग्राम बघराजी चांदनी चौक में एक महिला की मृत्यु होने की सूचना पर चौकी प्रभारी बघराजी निरीक्षक आरती मण्डलोई एवं थाना प्रभारी कुंडम प्रताप सिंह मरकाम पहॅुचे जहां मुकेश कोल उम्र 32 वर्ष निवासी बघराजी चांदनी चौक ने बताया कि वह लगभग 3 वर्ष से परिवार सहित ग्राम सिंगौदा पनागर में रहकर राजेन्द्र चतुर्वेदी के खेतों की तकाई का काम करता है उसके पिता जगदीश केाल की मृत्यु लगभग 14 वर्ष पहले हुयी थी पिता की मृत्यु के बाद उसके चाचा अजय कोल ने उसकी मां देववती बाई कोल को पत्नी बना कर रख लिया था, चाचा अजय कोल अधिक शराब पीते थे एवं उसकी मां के साथ लड़ाई झगड़ा कर मारपीट करते थे जब वह बघराजी आता था तो मां देवबती बाई कोल , चाचा अजय कोल के द्वारा परेशान करने की शिकायत उससे बताती थी। दिनांक 22-4-22 को मां देवबती कोल ने फोन करके उसे बताया कि अजय ने घर का गेहूं अनाज बेच दिया है और मुझे घर से चले जाने की बोल रहा है । दिनांक 25-4-22 की रात लगभग 10-30 बजे चाचा अजय कोल ने फोन कर बताया कि तुम्हारी मां देवबती बाई की मृत्यु हो गयी है । जानकारी मिलने पर वह अपनी पत्नी बबीता कोल को लेकर आज रात लगभग 00-30 बजे चांदनी चौक बघराजी आया, तो देखा कि मां देवबती कोल उम्र 46 वर्ष कमरे के अंदर मृत हालत में पड़ी थी जिसके नाक-ओंठ , दाहिने गाल, दोनों हाथों की कोहनी , सीने तथा सिर में अंदरूनी चोटें लगीं थीं मुंह से खून निकल कर सूख गया था। उसकी मां देवबती बाई की मृत्यु सिर एवं शरीर में आयी गम्भीर चोटों के कारण हुयी होगी।

पति के मौत के बाद देवर को बना लिया था पति 

वहीँ सूचना पर पुलिस अधीक्षक  सिद्धार्थ बहुगुणा (भा.पु.से.) के निर्देश पर उप पुलिस अधीक्षक ग्रामीण  अपूर्वा किलेदार एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर उत्तर/यातायात  संजय कुमार अग्रवाल, एफएसएल डाक्टर सुनीता तिवारी मौके पर पहुंचे।वरिष्ठ अधिकारियों एवं एफ.एस.एल. टीम की उपस्थति में पंचनामा कार्यवाही कर शव को पीएम हेतु भिजवाते हुये मर्ग कायम कर जांच में लिया गया।प्रारम्भिक पतासाजी पर ज्ञात हुआ कि देववती कोल अपने पति जगदीश की मृत्यु के 03 साल बाद से अपने देवर अजय कोल को पति बनाकर रह रही थी, आये दिन अजय कोल शराब पीकर देववती से गाली गलौच करता था। अजय कोल का देववती से कोई बच्चा नहीं था तथा देववती का बेटा मुकेश कोल जो पहले पति से था, ग्राम सिगौद थाना पनागर में रहकर खेत की तकाई करता था।पूछताछ पर मृतिका के बेटे मुकेश कोल ने बताया कि मेरी माँ देववती कोल का फोन 22.04.22 को आया था जो बता रही थी कि मुझे आये दिन अजय कोल गाली गलौच कर परेशान करता है ।

बच्चा न होने पर होता था विवाद

वहीँ प्राप्त पीएम रिपोर्ट एवं मर्ग जांच पर धारा 302 भा.द.वि. का अपराध पंजीबद्ध कर संदेही अजय कोल को अभिरक्षा में लेकर सघन पूछताछ की गयी जिसने बताया कि देववती कोल मुझे बच्चा न होने के चलते आये दिन भला-बुरा कहती थी जिससे मेैं परेशान होकर व पत्नि देववति के दूसरे से अवैध संबंध होने की शंका पर उसने मसाला पिसने वाली लुढ़िया से कई बार मारकर हत्या कर दिया और पूरे घर का सामान बिखरा दिया था ताकि उस पर शंका न हो।प्रकरण मे आरोपी अजय कोल को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है।

*उल्लेखनीय भूमिका* –

अंधी हत्या का खुलासा एवं आरोपी की गिरफ्तारी में थाना प्रभारी कुण्डम प्रताप सिंह मरकाम, चौकी प्रभारी बघराजी उप निरीक्षक आरती मण्डलोई, प्रधान आरक्षक इन्द्र कुमार विश्वकर्मा, प्रधान आरक्षक जोतेन्द्र ज्योतिशी, आरक्षक ज्ञानप्रकाश पाण्डेय, धर्मवीर, नरेन्द्र राजपूत तथा क्राइम ब्रांच के सहायक उप निरीक्षक गोपाल प्रसाद विश्वकर्मा, आरक्षक अतुल गर्ग , अजय लोधी की सराहनीय भूमिका रही ।

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