2 माह से अधिक का समय बीता,भगवान के भरोसे चल रहा बहोरीबंद जनपद पंचायत कार्यालय

कटनी/स्लीमनाबाद(सुग्रीव यादव): केंद्र व राज्य सरकार की सरकारी योजनाओं का लाभ धरातल तक पहुँचे सके इसके लिए ग्राम पंचायतो की भूमिका अहम होती है।ग्राम पंचायते पंचायती राज व्यवस्था की रीढ़ मानी जाती है।जोकि पंचायत विभाग के अलावा अन्य विभागों की योजनाओ का भी क्रियान्वयन करती है।ग्राम पंचायतो तक सरकारी योजनाओं का क्रियान्वयन सही तरीके से हो इसके लिए जनपद सीईओ महत्वपूर्ण भूमिका निभाते है।लेकिन बहोरीबंद जनपद पंचायत कार्यालय वर्तमान मे दो माह से भगवान भरोसे ही चल रहा है।जनपद सीईओ के न होने से जनपद स्टॉफ सहित ग्राम पंचायतो मैं भी सही तरीके से कार्य नही चल रहा है।

अब तक शासन स्तर से नही हुई पदस्थापना-

बहोरीबंद जनपद पंचायत की तत्कालीन जनपद सीईओ मीना कश्यप का स्थानांतरण पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के द्वारा मई माह किया गया था।जिसके बाद 23 मई को कलेक्टर के द्वारा जनपद सीईओ को रिलीव करते हुए रीठी जनपद सीईओ को अतिरिक्त प्रभार बहोरीबन्द जनपद सीईओ का दिया गया।लेकिन रीठी जनपद सीईओ भी दो माह के समय मैं दो से तीन बार ही जनपद पंचायत कार्यालय आये है।
तत्कालीन जनपद सीईओ का स्थानांतरण होने के बाद अब तक शासन स्तर से जनपद सीईओ की पदस्थापना नही की गई।

बिना जनपद सीईओ के सम्पन्न हुए पंचायत चुनाव-

जनपद सीईओ की पदस्थापना शासन स्तर से न होने से वर्तमान मे त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचन प्रक्रिया भी पूर्ण कराई गई।जबकि पंचायतो के चुनाव हुए है जिसकी पूरी मॉनिटरिंग जनपद कार्यालय से हुई ऐसे मैं जनपद सीईओ का होना जरूरी था।लेकिन बहोरीबंद की 79 ग्राम पंचायतो मैं त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव बिना जनपद सीईओ की उपस्थिति मैं हुआ।
बहोरीबंद जनपद कार्यालय मैं नए जनपद सीईओ की पदस्थापना को लेकर न ही शासन स्तर से न ही क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों के द्वारा कोई ध्यान दिया जा रहा है।

इनका कहना है- प्रणय पांडेय विधायक बहोरीबंद विधानसभा

जनपद सीईओ बहोरीबन्द के स्थानांतरण हो जाने के बाद अब तक नए जनपद सीईओ की पदस्थापना नही हो सकी ये बात संज्ञान मैं है।पंचायत चुनाव की आचार संहिता प्रक्रिया के चलते विलंब हुआ।प्रदेश के पंचायत मंत्री व अपर मुख्य सचिव से चर्चा कर मांग की गई है।जल्द ही नए जनपद सीईओ की बहोरीबंद मैं पदस्थापना होगी।

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